बुंदेली पंचायत की नई दुकानों के आवंटन पर लगी रोक… ये है पूरा मामला
छत्तीसगढ़ खबर डेस्क खबर 24×7 गंडई पंडरिया । ग्राम पंचायत बुंदेली में पंचायत निधि से निर्मित तीन व्यावसायिक दुकानों के आवंटन को लेकर विवाद गहरा गया है। अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) न्यायालय ने मामले की सुनवाई पूरी होने तक दुकान आवंटन प्रक्रिया पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। साथ ही संबंधित अधिकारियों को आवंटन से जुड़े समस्त अभिलेख नियत तिथि पर न्यायालय में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
मामला ग्राम पंचायत बुंदेली की पंच संगीता सिंह एवं अन्य पांच ग्रामीणों द्वारा दायर आवेदन के बाद सामने आया। आवेदन में आरोप लगाया गया है कि पंचायत द्वारा निर्मित तीन दुकानों का आवंटन शासन की अनुमति एवं छत्तीसगढ़ पंचायत राज अधिनियम, 1993 की धारा 65 (2) के प्रावधानों का पालन किए बिना किया गया। साथ ही सार्वजनिक नीलामी की प्रक्रिया अपनाए बिना कुछ लोगों को दुकानें आवंटित करने का आरोप भी लगाया गया है।
आवेदकों का कहना है कि यदि दुकानों का आवंटन खुली एवं पारदर्शी नीलामी के माध्यम से किया जाता तो पंचायत को अधिक राजस्व प्राप्त होता। इसी आधार पर आवंटन प्रक्रिया निरस्त कर नियमानुसार पुनः कार्रवाई की मांग की गई है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसडीएम न्यायालय ने मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत छुईखदान, सरपंच एवं सचिव ग्राम पंचायत बुंदेली को निर्देश दिया है कि अगली सुनवाई तक किसी भी प्रकार की आवंटन संबंधी कार्रवाई न करें तथा सभी दस्तावेज न्यायालय में प्रस्तुत करें। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि स्थगन आदेश का उल्लंघन होने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
एसडीएम कोर्ट का स्थगन आदेश, सुनवाई तक आवंटन प्रक्रिया पर तत्काल प्रभाव से विरामएसडीएम गंडई अविनाश ठाकुर ने मीडिया मे बताया कि आवेदन प्राप्त होने के बाद मामले की जांच की जा रही है। संबंधित पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। जांच प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद उपलब्ध तथ्यों एवं अभिलेखों के आधार पर नियमानुसार आदेश पारित किया जाएगा। |
| सरपंच का पक्ष- पूर्व से काबिज दुकानदारों को प्राथमिकता देने का निर्णय
ग्राम पंचायत बुंदेली के सरपंच दिवाकर सोनी ने कहा कि जिन दुकानदारों का लगभग 30 वर्षों से दुकानों पर कब्जा था, उनकी सहमति से पंचायत निधि से नए दुकान भवन का निर्माण कराया गया। उन्होंने बताया कि दुकानों के आवंटन से पहले ग्राम सभा एवं पंचायत की बैठक में प्रस्ताव पारित कर पूर्व से काबिज दुकानदारों को प्राथमिकता देने का निर्णय लिया गया था। सरपंच के अनुसार सभी आवश्यक दस्तावेज एसडीएम कार्यालय में प्रस्तुत कर दिए गए हैं। उन्होंने आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि एक पंच लगातार पंचायत के विकास कार्यों का विरोध कर रहा है, जिससे ग्रामीणों एवं व्यापारियों में असंतोष है। |



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