ठेकेदार की मनमानी एवं अधिकारियों की अनदेखी की वजह से महीने भर में खतम हो जाएगी नव निर्मित सड़क
0 बैगा आदिवासी परिवार को पक्की सड़क मुहैया कराने योजना बना फिसड्डी।
0 बैगा आदिवासी परिवार जल्द करेंगे मुख्यमंत्री,कलेक्टर तक शिकायत।
0 अधिकारी की उदासीनता ठेकेदार का हौसला बुलंद।
0 विभाग के अधिकारी नहीं उठाते फोन।
छत्तीसगढ़ खबर डेस्क खबर 24×7 गंडई पंडरिया // प्रधानमंत्री जन मन योजना के तहत विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों की बस्तियों को हर मौसम में चलने योग्य पक्की सड़कों (बारहमासी सड़कों) से जोड़ने के लिए विशेष ग्रामीण सड़क निर्माण कराया जाता है इसका उद्देश्य दूरस्थ पहाड़ी और जंगली इलाकों में रहने वाले आदिवासियों को बाजार शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़कर विकास की मुख्य धारा में लाने का एक शासन का उद्देश्य है, जो उन तबकों को योजना का सही क्रियान्वयन हो सके। लेकिन ऐसा नही हो रहा है।
नवीन जिला और ब्लॉक मुख्यालय के अंतिम छोर में बसे वनांचल ग्राम श्रृंगारपुर के आश्रित नवागांव बैगापारा के रहवासी नव निर्मित सड़क के विरोध में मैदान में उतरने की तैयारी में है। बता दे की वनांचल ग्राम ठाकुरटोला से मंडीपखोल जाने वाले मुख्य मार्ग से लगा हुआ ग्राम तुमड़ादाह बैगापारा में हाल फिर हाल में पी एम जन मन योजना के तहत पक्की सड़क का निर्माण किया है।निर्माण हुए महज 3 से 4 दिन ही हुआ है। और घटिया स्तर के निर्माण को देखते हुए बैगा पारा में निवास करने वाले बैगा आदिवासी परिवार में खासा नाराजगी देखने को मिल रहा है।![]()

गांव के ही जागरूक जनप्रतिनिधि साधुराम धुर्वे, उप सरपंच श्रृंगारपुर एवं भगवान सिंह पोर्ते निवासी तुमड़ादाह, सहित सभी ग्रामीणों बैगापारा ने बताया की महज 2 से 3 डंफर पक्की रा मटेरियल (डामर और गिट्टी) मिक्स माल बिछाकर सड़क को पूर्ण कर दिया गया है, सड़क की मोटाई एक इंच से लेकर मात्र 2 इंच तक रखा गया है, 1.700 मीटर बनाए गए इस सड़क के अधिकांश हिस्से में 1 से 2 इंच की मोटाई परत साफ साफ दिखाई दे रही है।
मटेरियल की गुणवत्ता पर उठने लगे सवाल
महज 1 से 2 इंच की बनाई गई सड़क पर उपयोग किया गया है, गुणवत्ता को ताप में रखकर डामर युक्त सड़क निर्माण किया गया है। गुणवत्ता पर ग्रामीण सवाल उठा रहे है। ग्रामीणों के अनुसार मटेरियल की क्वालिटी सही नही होने पर एक ही दिन में पक्की सड़क मजबूत हो जाती है। नोकिला समान को सड़क में बेधने पर भी वह अंदर नहीं धस्ती लेकिन उक्त सड़क को बनाए दो दिन हो जाने पर पैर से खुरचने से मटेरियल भरभराने लगा है। जिससे उसकी गुनवत्ता, पर सवाल खड़े होना लाजमी है।

करोड़ों की लागत पर फिर भी गुणवत्ताहीन निर्माण
इस पक्की सड़क का निर्माण ठेकेदार द्वारा गुणवत्ता को ध्यान में रखकर करना था प्रशासन की उदासीनता के चलते ठेकेदार का मनमानी कर जैसे तैसे सड़क का निर्माण कर दिया गया है डामर युक्त सड़क की पतली लेयर बेचकर खाना पूर्ति किया गया है।
कार्य स्थल पर लगाए गए बोर्ड के अनुसार प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना जिसे अब पी एम जनजातीय आदिवासी न्याय महाभियान से जाना जाता है। पक्की सड़क निर्माण की दूरी 1.700 किलो मीटर की लंबी सड़क का निर्माण किया गया है जिसकी लागत राशि, 116.810 लाख रुपए है।
उक्त निर्माण का ठेका मेमर्स के आर इंफ्रा स्ट्रक्चर दुर्ग के द्वारा लिया गया है। जिसका कार्यपालन अभियंता जे के कश्यप राजनांदगांव बताया गया हैं। उक्त कार्य का क्रियान्वयन पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग छ ग शासन का जिम्मा है, बोर्ड में बताया गया है की सड़क का नाम एल06 ठाकुरटोला लावातरा, रोड से बैगापारा है उक्त सड़क का निर्माण 7 मार्च 2024 से प्रारंभ किया गया है एवं कार्य पूर्ण होने की संभावित तिथि 22 मार्च 2025 था।

ग्रामीण जल्द करेंगे मुख्यमंत्री और जिला कलेक्टर से शिकायत।
ग्रामीणों के बताएं अनुसार कई वर्षों के बाद उन्हें पक्की सड़क की सौगात प्रधानमंत्री जन धन योजना के तहत मिली है जो ठेकेदार के द्वारा भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रही है उक्त सड़क पर 5 साल की गारंटी अवश्य दी गई है लेकिन वनांचल क्षेत्र में होने के चलते ग्रामीणों की सुध लेने वाला कोई नहीं है, न ही अधिकारी और न हीं जनप्रतिनिधि इससे पूर्व भी
ठाकुरटोला से लावातरा पक्की सड़क मार्ग बनाया गया था, जिस पर ठेकेदार के द्वारा 5 साल की गारंटी दी गई थी,उसके पश्चात ग्रामीणों द्वारा कई बार शासन प्रशासन और जनप्रतिनिधि को अवगत कराया गया परंतु आज तक उक्त सड़क पर दोबारा ठेकेदार लौटकर नहीं देखा है जिसके चलते ग्रामीण उक्त सड़क निर्माण को लेकर चिंतित और आक्रोश है, और मामले को लेकर मुख्यमंत्री और जिला कलेक्टर सहित अन्य जनप्रतिनिधि और संबंधित विभाग के अधिकारियों को लिखित शिकायत करते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग करेंगे साथ ही सड़क को बेहतर बनाने की मांग करेंगे।
भाजपा सरकार को बदनाम करने में तुले ठेकेदार
बैगा आदिवासी परिवार का कहना है की प्रधानमंत्री के द्वारा बैगा आदिवासी का सुध लेते हुए विभिन्न प्रकार की योजनाएं चला रही है, ताकि आदिवासी परिवार विकास की राह पर अग्रसर हो सके इसी कड़ी में हम बैगा पारा में निवास करने वाले 170 लोगो को पक्की सड़क मुहैया कराने 1 करोड़ से अधिक की लागत से उक्त सड़क को बनवाया गया है। परंतु अधिक मुनाफा और भाजपा सरकार को बदनाम करने की नियत से ठेकेदार एवं संबंधित विभाग द्वारा घटिया स्तर का सड़क निर्माण करवाया गया है। इस ओर अधिकारी का ध्यान हो।

प्रदेश एवं जिले में भ्रष्टाचार चरम सीमा पर : कांग्रेस
शत्रुहन मन्नू चंदेल अध्यक्ष ब्लॉक कांग्रेस कमेटी गंडई का कहना है कि बैगा आदिवासियों को सुगमता से आने-जाने के लिए जो करोड़ों रुपए की लागत से सड़क निर्माण किया गया है, वह गुणवत्ताहीन तरीके से किए जाने का लगातार शिकायत है, ठेकेदार सड़कों को तो बना देते हैं लेकिन दोबारा रिपेयरिंग करने झांकने तक नहीं आते, डामरयुक्त सड़क की पतली लेयर बिछाकर खानापूर्ति किया गया है, इस ओर जांचकर दोषियों पर कार्रवाई होनी चाहिए।
प्रेमलाल साहू जनपद सदस्य क्षेत्र 06 ठाकुरटोला का कहना है कि जिस समय ठेकेदार ने रोड को बना रहा था उस समय गिट्टी और मुरूम में मिट्टी मिलाकर जेसीबी से गुणवत्ताहीन तरीके से निर्माण कराया था, अब डामर युक्त सड़क की इतना पतला लेयर बिछाकर रोड को जैसे तैसे बना दिया गया है इस संबंध में पंचायत के माध्यम से मुझे शिकायत मिला है, यह रोड ज्यादा दिन तक चलने योग्य नहीं है बरसात के समय में रोड धराशाही में तब्दील हो जाएगा और बैगा परिवारों को आने जाने में और समस्या पैदा हो जाएगी, इस ओर जिला प्रशासन को ध्यान देना चाहिए और ठेकेदार को गुणवत्तापूर्ण तरीके से कार्य करने के लिए निर्देशित करना चाहिए, जिससे योजना का सही क्रियान्वयन हो सके।

विज्ञापन के लिए सम्पर्क करें.. 7415791636


